Anupama Serial 20 June 2023 Written Episode : अनुपमा देती है डिम्पी और समर को घर छोड़कर चले जाने की हिदायत।

Anupama 22 june written episode

अनुपमा बा को वापस घर ले जाती है। माया घबरा कर सोचती है कि अनुज के गुस्से को कैसे शांत किया जाए। वह सॉरी कार्ड लिखने, उसके लिए हलवा या केक बनाने आदि के बारे में सोचती है। अनुज गुस्से में घर लौटता है। माया सोचती है कि पक्का अनुज अनुपमा से मिला होगा और उससे छुटकारा पाने की प्लानिंग की होगी, इसलिए उसे कुछ करने की जरूरत है। उसका पागलपन बढ़ता जा रहा है।

डिंपी खुद को सही ठहराने की कोशिश करती है और अनुपमा से कहती है कि उसे नहीं पता कि बा ने उससे क्या-क्या कहा, अनुपमा अपना लंबा सा भाषण शुरू करती हैं, वह कहती है कि वह जानती है की बा के बोलने की हद क्या है और तुम बच्चो के बोलने की हद भी कितनी है; गलतियाँ सभी से होती हैं; परिवार तब ख़ुशी से चलता है जब बड़े बच्चों को प्यार देते हैं और बच्चे बड़ों का सम्मान करते हैं, वरना परिवार बिखर जाता है।

वह कहती हैं कि बड़ों को समझना चाहिए कि यह इंस्टेंट नूडल्स, इंस्टेंट डिसीजन, इंस्टेंट ग्रटिफिकेशन पसंद करने वालो का जमाना है, और ऐसे में बड़ो को बच्चों से समझदारी से बात करनी चाहिए; छोटों को भी बड़ों का सम्मान करना चाहिए। वह कहती है कि वह जानती है कि बा ने बहुत कुछ बोलै होगा और तुम बच्चे ने भी उनका अपमान किया होगा , तो इसका मतलब कोई भी सही नहीं है ,और कोई सही नहीं है मतलब दोनों गलत है। और वो उस युग से हैं जहां उन्हें सिखाया जाता है कि बुजुर्ग देवता होते हैं और वह अपने देवताओं का अनादर आदि बर्दाश्त नहीं करेंगी।

वह अपना भाषण जारी रखती है और कहती है कि यह घर सबसे पहले लीला का है और वह यहां से नहीं जाएगी, समर और डिंपी को पास में कही किराए के घर में शिफ्ट हो जाना चाहिए, अगर वे बड़ों का सम्मान नहीं कर सकते।
वह घर में रोज के जहाज नहीं चाहती और शांति चाहती है। वह आगे कहती हैं कि बा और बाबूजी ने अपनी मेहनत से यह घर बनाया है, बा इस उम्र में भी रसोई में काम करती है और परिवार की देखभाल करती है, उन्होंने अपने बच्चों और फिर पोते-पोतियों की देखभाल की और अब पर-पर पोते-पोतियों की जिम्मेदारियों का बोझ नहीं डाला जा सकता, अब उन्हें और आराम की जरूरत है। समर और डिंपी युवा हैं और कड़ी मेहनत करने और अपनी दुनिया बनाने की उनकी बारी है। वह आगे उन्हें अपने बड़ों की मेहनत पर एक आसान जीवन जीने की कोशिश करने के लिए भी उन्हें डांटती है , और जल्द से जल्द घर छोड़कर चले जाने के लिए कहती है।

समर भी कहता है की वो कल तक दूसरा घर ढूंढ लेगा ,और इस घर को छोड़कर चला जायेगा। अनुपमा पाखी ,तोषु- किंजल से भी ठीक से रहने और अपनी अपनी जिंदगी सुधरने की सलाह देती है।

अंत में वो ये भी कहती है की मुझे ऐसे फालतू झगड़ो के लिए मत बुलाया करो , मुझे भी काम है , मेरे जीवन में भी परेशानियाँ है।

PRECAP: अनुज सोचता है कि अनुपमा के अमेरिका जाने के लिए केवल 5 दिन बचे हैं। नकुल मालती देवी से अपने और अनुपमा के बीच ग्रैंड प्रैक्टिस सेशन में डांस का मुक़ाबला करवाने का अनुरोध करता है। मालती देवी अनुपमा के प्रदर्शन की प्रशंसा करती हैं। नकुल चालाकी से अनुपमा के पेरो में कांच चुभा देता है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *